Assam Crime News: एक ऐसी शर्मनाक घटना सामने आई है, जिस ने समाज को झकझोर कर रख दिया है. जादूटोना के चलते गांव के लोगों ने एक दंपति को जला कर मार डाला. आखिर क्या था इस जादूटोना का पूरा सच, जिस के लिए दंपति को जिंदा जला दिया गया? पूरा सच जानने के लिए पढ़िए आगे.
यह हैरान कर देने वाली घटना 30 दिसंबर, 2025 को असम के करबी आंगलोंग जिले में घटी.अंधविश्वास ने इंसानियत को शर्मसार कर दिया. रात होवराघाट क्षेत्र के बेलोगुरी मुंडा गांव में ग्रामीणों ने जादूटोना के शक में गार्दी बिरोवा और उन की पत्नी मीरा बिरोवा को निशाना बनाया. अफवाहों से भड़की भीड़ ने पहले तेजधार हथियारों से दंपति पर हमला किया और फिर उन के घर में आग लगा दी. आग की लपटों में घिरे दोनों जिंदा जल गए. उन की चीखें गूंजती रहीं, लेकिन अंधविश्वास के आगे इंसानियत खामोश रही.
गांव वालों का मानना था कि यह दंपति जादूटोना करता था, जिस से गांव के लोगों को नुकसान पहुंच रहा था. इसी अंधविश्वास के कारण दोनों को निशाना बनाया गया.
इस दर्दनाक घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया. इस मामले में एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि गांव के लोग अंधविश्वास और अफवाहों पर भरोसा करते थे, जिस से उन्हें लगता था कि गांव में हो रही परेशानियों के पीछे यही दंपति जिम्मेदार है. फिलहाल पुलिस ने गांव वालों से शांति बनाए रखने की अपील की है.
पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है और बीएनएस की विभिन्न धाराओं के तहत काररवाई की जा रही है. प्रशासन का कहना है कि अंधविश्वास के खिलाफ जागरूकता अभियान चलाना जरूरी है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके. Assam Crime News






